शुक्रवार, 14 अगस्त 2009

क्या ताम्बे के बर्तन में रखा पानी पीना सुरक्षित है

आजकल समाचार पत्रों और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में बहुत सारे स्वास्थ्य के बारे में टिप्स दिए जाते हैं . कल ही मेरी नजर पड़ी एक स्थानीय समाचार पत्र में जिसमे ताम्बे के बर्तन में रखा हुआ पानी पीने के सलाह दी गयी थी . काफी वर्षों पहले इस देश में बच्चों को लिवर सिर्रोसिस की बीमारी अत्याधिकता से पाए जाने लगी . इस के खोज करने पर पता चला कि इसका कारण ताम्बे के पत्र में रखा जल पीने से शरीर में अत्यधिक ताम्बे के मात्र पहुँच जाती है और यह नुकसान पहुचती है . इस बीमारी का नाम ही Indian Childhood Cirrhosis रखा गया . ताम्बे की अत्यधिक मात्र से wilson's disease भी होता है

5 टिप्‍पणियां:

संगीता पुरी ने कहा…

इस विषय पर आज तक मैं भी भ्रम में ही थी !!

बी एस पाबला ने कहा…

ये नई बात पता चली

अविनाश वाचस्पति ने कहा…

बच्‍चों में ही न
ब्‍लॉगरों में तो नहीं।
कृपया स्‍पष्‍ट करें
ब्‍लॉगर कोई बच्‍चे तो नहीं
वो बात अलग है कि
बचपने की हरकतें करते हैं
क्‍या करें
हिन्‍दी ब्‍लॉगिंग का
बचपना ही है न।

डॉ महेश सिन्हा ने कहा…

आप जैस पढ़े लिखे आदमी को हर चीज को हल्के में नहीं लिया जाना चाहिए . wilson's disease बड़ों में होती है

अविनाश वाचस्पति ने कहा…

बड़ों में ही सही

पर हमें बड़ा तो होने दें

जो शायद हम कभी नहीं होना चाहेंगे

बचपने का जो आनंद है

वो आनंद और कहां पायेंगे।